बेमतलब के टोल नाका से पब्लिक के नाक में दम…..परेशानी
वाहनों की आवाजाही पुराने मार्ग से हो रही हैं फिर टोल शुल्क क्यों....?

बेमतलब के टोल नाका से पब्लिक की नाक में दम,,, परेशानी,,,,

▪️अनूप शर्मा▪️
(बस्तर बन्धु)
कांकेर – राष्ट्रीय राजमार्ग में चारामा से आगे एक मोड़ को सीधा करके नेशनल हाईवे द्वारा बनाया गया है, जिसमें एक तो चट्टानें गिरने की शिकायत होती रहती है। दूसरे कोढ़ में खाज यह है कि वहां टोल नाका बिठा दिया गया है, जो बेमतलब का है। अधिकतर ट्रैफिक पुराने रास्ते से ही आना-जाना कर रहा है। अब पता चला है कि कुरूद के पास भी एक टोल नाका बिठाया जा रहा है, जिसके कारण वाहन वालों की जेबें खाली होती रहेंगी। निजी वाहन वालों को इन दोनों टोल नाकों से कुल मिलाकर डेढ़ सौ से 200/- की रकम एक ही तरफ की देनी पड़ जाएगी। रायपुर आना जाना बहुत महंगा पड़ जाएगा। नेशनल हाईवे पर स्थित इन दोनों में से एक नाका, जो चारामा से आगे है, उसे शासन द्वारा बंद किया जाना चाहिए, क्योंकि वह पूरी तरह बेमतलब है।_
वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं छत्तीसगढ़ चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के कांकेर जिला इकाई के अध्यक्ष,दीपक शर्मा,अनुसूचित जनजाति आयोग के सदस्य नितिन पोटाई,हरनेक सिंह औजला,अनूप शर्मा,शंकर आहूजा,स्वपन बोस,सतीश यादव,विक्रम पवार के अलावा बड़ी संख्या में जागरूक व्यापारी बंधुओं,क्षेत्र के ग्रामीण भाइयों द्वारा दो वर्ष पूर्व जिला प्रशासन को लिखित रूप से ज्ञापन देने एवं राष्ट्रीय राजमार्ग में प्रदर्शन करनें के बाद पुराना रोड खोल दिया गया था….अभी कुछ दिनों पहले ही पुराने रोड पर डामरीकरण भी किया गया हैं…..वाहनों की आवाजाही भी पुराने मार्ग से चालू हैं…… ऐसी स्थिति में प्रशासन को टोल नाका बंद करनें के लिए पहल करनी चाहिए।
